निदेशक संदेश –
कुरूक्षेत्र पैनोरमा एवं विज्ञान केन्द्र, राष्ट्रीय विज्ञान संग्रहालय परिषद् की एक इकाई है जो कि संस्कृति मंत्रालय के अधीन एक स्वायत संस्था है। यह उत्तरी भारत में जनसाधारण के मध्य मुख्यतः विद्यार्थियों के मध्य विज्ञान के लोकप्रियकरण हेतु उत्तरदायी एक अग्रणी संस्थान है। इसका उद्घाटन 6 मार्च 2001 को भारत के तत्कालीन प्रधानमंत्री ने किया था। खुलने के बाद से, केन्द्र विज्ञान लोकप्रियकरण के उद्देश्य के लिए लगातार सेवा प्रदान कर रहा है।

उद्देश्य
- जन साधारण मुख्यतः विद्यार्थियों के मध्य विज्ञान का लोकप्रियकरण
- देश में वैज्ञानिक साक्षरता को प्राप्त करने का प्रयास
- वैज्ञानिक जानकारी एवं वैज्ञानिक दृष्टिकोण उत्पन्न करना
- विद्यार्थियों, अध्यापकों एवं समाज के लाभ हेतु विभिन्न शैक्षणिक कार्यक्रमों का आयोजन
- स्कूल स्तर की शिक्षा को अध्यापक प्रशिक्षण कार्यक्रम द्वारा एवं कालेज सहायक बनाकर पोषित करना
- नवाचार हेतु बुद्विजीवी मस्तिष्कों को प्रेरित करना
- विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी की उन्नति को प्रस्तुत एव प्रदर्शित करना
- ‘कर के सीखो‘ तथा ‘मजे से सीखो‘ के सिद्वान्त को प्रतिपादित करना
- भारतीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी की धरोहर को संरक्षित करना
केन्द्र सदा गतिविधियों और उपलब्धियों के जरिए घटनाओं का स्थान रहा है। केन्द्र को जनसामान्य के लिए 2001 में खोला गया और तब से केन्द्र में लाखों दर्शकों की भीड़ आयी है और उन्होंने समाज के विभिन्न भागीदारों के लिए अनेक गतिविधियों में भाग लिया है। मैं, केन्द्र की पूरी टीम को इसका श्रेय देता हूं जिन्होंने चुनौतीपूर्ण मांग को पूरा करने के लिए लगातार सफलतापूर्वक काम किया है। इस प्रकार केन्द्र दर्शकों के प्रति अपने उद्देश्य ‘आकर्षित करना, शिक्षित करना एवं मनोरंजन करना‘ को पूरा कर रहा है।
डिजिटल प्रौद्योगिकी के युग ने लाखों लोगों तक पहुंचने के नए विस्तार विकसित किए हैं। समाज एक वैश्विक गांव बन गया है। इसलिए हमारे लिए अपने प्रत्याशित दर्शकों और अनुयायियों तक पहुंचना बहुत आवश्यक हो गया है। केन्द्र की नवीन और आकर्षक वेबसाइट प्रस्तुत करते हुए मुझे बहुत प्रसन्नता हो रही है। यह बहुत आवश्यक हो गया है कि मैं आशा करूं कि केन्द्र की गतिविधियाँ और सुविधाएँ लाखों दर्शकों तक पहुंचे, इसलिए नवीन वेबसाइट अभिकल्पित की गई है और हमारे प्रिय दर्शकों के सम्मुख प्रस्तुत की गई है। वेबसाइट में वह सभी सूचनाएं है जिसकी कोई दर्शक केन्द्र आने की योजना बनाने के लिए इच्छा करता है। इसमें हमारे कार्य, विशेषज्ञता और समाज एवं भावी दर्शकों से संबंधित हमारे जो क्षेत्र हो सकते हैं, के बारे में भी सूचना दी गई है। नयी वेबसाइट में विभिन्न दर्शकों तक पहुंचने के लिए अनेक नए विषय शामिल किए गए है जैसे कि केपीएससी टीवी कार्नर, विपणन, मीडिया आदि। आप विषय वस्तु एवं अद्यतनीकरण के लिए हमें सोशल मीडिया पर भी देख सकते है।
मैं आशा करता हूँ कि हमारे प्रिय दर्शक वेबसाइट के पृष्ठों को पसंद करेंगे और अपेक्षा है कि इसी दृश्यता और पहुंच को बेहतर बनाने के लिए दर्शक हमें फीडबैक देंगे।
डी रामा सरमा